Thursday, 16 April 2020

ब्रेकिंग:- कांगड़ा की सीमाओं को चोरी छुपे लांघने पर केस दर्ज

प्रदेश के सबसे बड़े ज़िला कांगड़ा की तहसील परागपुर के पुलिस थाना रक्कड़ के तहत आने वाले बन्नी गाँव के एक व्यक्ति पर चोरी छिपे लुधियाना से अपने घर पहुंचने पर मामला दर्ज किया गया है। 51 वर्ष के मदन भारती पुत्र किशोर कुमार प्रदेश की सीमाओं को गुप्त रास्तों से लांघ कर अपने घर पहुंच गया था, इस जानकारी को उक्त व्यक्ति ने गुप्त रखा था। मदन भारती व उसके  परिवार ने इसकी जानकारी बिल्कुल गुप्त रखी थी। पंचायत को भी इस मामले की जानकारी नहीं थी। खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उक्त व्यक्ति को स्वास्थ्य विभाग की मदद से घर से ही उठा लिया। पुलिस ने उक्त व्यक्ति के खिलाफ आईपीसी की धारा 188,269,270 & 51 आपदा प्रवधन एक्ट के तहत मामला रक्कड़ थाना में दर्ज किया है।  उधर डीसी कांगड़ा राकेश प्रजापति ने बताया कि उस व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी गई है एवं सचिव और प्रधान के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। व्यक्ति को एम्बुलेंस के माध्य्म से आइसोलेशन के लिए भेज दिया है। अब उक्त व्यक्ति का कोरोना टेस्ट भी किया जाएगा।


Saturday, 1 June 2019

कैबिनेट बैठक : बिजली कनेक्शन मिलेंगे निशुल्क; पेंशन में वृद्धि, रोजगार के खोले नए द्वार

कैबिनेट बैठक : बिजली कनेक्शन मिलेंगे निशुल्क; पेंशन में वृद्धि, रोजगार के खोले नए द्वार


मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी की अध्यक्षता में 1 जून, 2019 को प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक आयोजित हुई। इसमें कई जनहितकारी निर्णय लिए तथा कई मामलों को स्वीकृति प्रदान की गई। कैबिनेट बैठक में सरकारी क्षेत्र में प्रथम, द्वितीय, तृतीय तथा चतुर्थ श्रेणी के पदों में समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण प्रदान करने का निर्णय लिया गया। इस निर्णय से 4 लाख रुपये से कम की सालाना पारिवारिक आय वाले तथा अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए वर्तमान आरक्षण योजनाओं में न आने वाले उम्मीदवारों को लाभ मिलेगा। मंत्रिमंडल ने मुख्यमंत्री द्वारा बजट घोषणा के अनुरूप ‘‘मुख्यमंत्री रोशनी योजना’’ को लागू करने की अनुमति प्रदान की। योजना के तहत चालू वित्त वर्ष के दौरान गरीब परिवारों को 17550 मुफ्त बिजली कनेक्शन प्रदान किए जाएंगे।
मंत्रिमंडल बैठक में फल उत्पादकों को नीम्बू प्रजाति के फलों के लिए लाभकारी दाम प्रदान करने के लिए वर्ष 2019-20 के लिए बाजार मध्यस्थ्ता योजना (एम.आई.एस.) के तहत किन्नू, माल्टा, संतरा और गलगल जैसे नीम्बू प्रजाति के फलों के खरीद मूल्य को वर्तमान समर्थन मूल्य से 50 पैसे प्रति किलोग्राम बढ़ाने की अनुमति प्रदान की। प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में 54 खरीद केंद्र खोले जाएंगे, जो 21 नवम्बर, 2019 से 15 फरवरी, 2020 तक क्रियाशील रहेंगे। मंत्रिमंडल ने वृद्धजनों, विधवाओं, निराश्रितों, विकलांगों, कुष्ठरोगियों की सामाजिक सुरक्षा पेंशन को 750 रुपये से बढ़ाकर 850 रुपये प्रति माह और 70 वर्ष से अधिक आयु के वृद्धजनों को मिलने वाली वृद्धावस्था पेंशन को 1300 रुपये से बढ़ाकर 1500 रुपये प्रति माह करने का निर्णय लिया, जोकि एक जुलाई, 2019 से लागू होगा।
हिमाचल प्रदेश में औद्योगिक व विनिर्दिष्ट सेवा क्षेत्रों की संतुलित प्रगति के साथ-साथ आर्थिक विकास एवं रोजगार अवसरों के पैमाने को बढ़ाने के तहत अनुकूल वातावरण सृजित करने के लिए ‘‘हिमाचल प्रदेश औद्योगिक निवेश नीति-2019’’ को स्वीकृति प्रदान की। इस नीति का उद्देश्य लंबित पड़ी औद्योगिक प्रगति का निवारण करना तथा प्रक्रियाओं का सरलीकरण, मुख्य भौतिक एवं सामाजिक अधोसंरचना, मानव संसाधन विकास तथा क्रेडिट एवं बाजारों तक पहुंच को सुनिश्चित करना है। इसके अतिरिक्त इस नीति में सभी प्रक्रियाओं के डिजिटलीकरण तथा स्वप्रमाणीकरण के माध्यम से ‘व्यापार में सुगमता’ को प्रोत्साहित किया जाएगा।
प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में मध्यम, लघु एवं सूक्षम उद्यमों को प्रोत्साहन देने, बड़े उद्योगों की तुलना में अधिक प्रोत्साहन सहित एंकर इकाइयों की नई अवधारणा को शुरू करना, विद्यालय, अस्पताल, अन्य सामान्य सुविधाओं जैसी सामान्य औद्योगिक तथा सामाजिक अधोसंरचना के लिए प्रोत्साहन, सात वर्षों के लिए 90 प्रतिशत तक कुल जीएसटी की प्रतिपूर्ति की सुविधा, उद्योगों को ब्याज अनुदान पर 20 लाख रुपये प्रतिवर्ष की अधिकतम सीमा सहित तीन से पांच वर्षों के लिए मिलने वाले मियादी ऋणों को स्वीकृति प्रदान की। इसके अतिरिक्त विभिन्न श्रेणियों की औद्योगिक इकाइयों के लिए फ्लोर एरिया अनुपात (एफएआर) बढ़ाने की भी अनुमति प्रदान की।
मंत्रिमंडल ने नए निजी औद्योगिक क्षेत्रोंध्थीम पार्कों की स्थापना के लिए पूंजी अनुदान, विद्युत कर में छूट तथा विद्युत दरों में 15 प्रतिशत तक रियायत को स्वीकृति प्रदान की। हिमाचल के मूल निवासियों को रोजगार प्रदान करने को बढ़ावा देने के लिए इकाइयों तथा सेवा क्षेत्रों में 80 प्रतिशत से ज्यादा रोजगार हिमाचलवासियों को देने वाली इकाइयों को नकद प्रोत्साहन दिया जाएगा। पारम्परिक हस्तशिल्प एवं हथकरघा क्षेत्रों को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से मंत्रिमंडल ने उद्योगों को प्रदान किए जाने वाले प्रोत्साहनों के अलावा अतिरिक्त व अधिक रियायतें प्रदान करने का निर्णय लिया। कैबिनेट बैठक में हि.प्र. के नियम 38-ए के प्रावधानों के सरलीकरण का निर्णय लिया गया। हिमाचल में निवेश परियोजनाओं की स्थापना के लिए टैनेनसी एवं भूमि सुधार नियमों, 1975 के अन्तर्गत निवेश परियोजना की स्थापना के लिए राज्य स्तरीय एकल खिड़की एवं अनुश्रवण प्राधिकरण द्वारा आवश्यकता प्रमाण-पत्र जारी करने के लिए स्वीकृति प्रदान की ताकि राज्य में और अधिक निवेशकों को आकर्षित किया जा सके।
मंत्रिमंडल बैठक में प्रदेश में ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देने तथा ग्रामीण युवाओं को पर्याप्त स्वरोजगार अवसर प्रदान करने के लिए होम-स्टे योजना के तहत अधिकतम तीन कमरों को पंजीकरण करने की सीमा को बढ़ाकर चार कमरे करने का निर्णय लिया गया। बैठक में हिमाचल प्रदेश फिल्म नीति-2019 को स्वीकृत प्रदान की गई जिसका उद्देश्य फिल्मों के माध्यम से प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर एवं प्राकृतिक सौन्दर्य को बढ़ावा देना है। मंत्रिमंडल ने जिला मंडी के झुंगी तथा सलवाहन (हटगढ़) में पशु औषधालय को विभिन्न श्रेणियों के पदों के सृजन व भरने सहित पशु अस्पतालों में स्तरोन्नत करने की स्वीकृति प्रदान की। बैठक में निर्णय लिया गया कि ‘स्वास्थ्य में सहभागिता योजना’ में प्रदान की जाने वाली सुविधाओं में अवाश्यक संशोधन किए जाएंगे ताकि प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में गुणात्मक स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं की पहुंच एवं सामर्थ्य में सुधार तथा निजी क्षेत्र में स्वास्थ्य देखभाल निवेश की प्रगति को बढ़ावा देना सुनिश्चित किया जाए।
मंत्रिमंडल ने क्षेत्र के लोगों को सुविधा प्रदान करने के लिए जिला शिमला की उप-तहसील टिक्कर को तहसील का दर्जा प्रदान करने की स्वीकृति प्रदान की। बैठक में भूतपूर्व सेनिकों के बच्चों तथा सेनिकों की विधवाओं को सशस्त्र बलों में अधिकारी बनने के लिए एसएसबी कोचिंग के लिए एकमुश्त प्रोत्साहन राशि को 6000 रुपये से बढ़ाकर 12000 रुपये करने की स्वीकृति प्रदान की।
मंत्रिमंडल ने राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान कफोटा में इलैक्ट्रीशियन तथा मकैनिक डीजल और जिला सिरमौर के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान शिलाई में पलम्बर तथा इलैक्ट्रीशियन के नए ट्रेड शुरू करने को मंजूरी प्रदान की। इन संस्थानों के लिए विभिन्न श्रेणियों के 24 पदों के सृजन और भरने की भी स्वीकृति प्रदान की। बैठक में ग्राम पंचायत खजियार के लोगों की सुविधा के लिए जिला चम्बा की पुलिस पोस्ट दराडा से हटाकर पुलिस स्टेशन चम्बा सदर के तहत अस्थाई पुलिस पोस्ट सुलतानपुर में शामिल करने को स्वीकृति प्रदान की।

इन क्षेत्रों में खोले रोजगार के द्वार
मंत्रिमंडल ने जिला न्यायायिक प्रणाली की कार्य क्षमता को बढ़ाने के लिए हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय रजिस्ट्री के प्रशासन में न्यायालय प्रबंधक के 13 पद सृजित करने को स्वीकृति प्रदान की। बैठक में डॉ. वाय.एस परमार बागवानी एवं वाणिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन में विभिन्न श्रेणियों के 15 पद अनुबंध आधार पर भरने का निर्णय लिया गया। बैठक में चौधरी सरवन कुमार हिमाचल प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय के माध्यम से कृषि विज्ञान केन्द्रों के लिए दैनिक भोगी आधार पर चालक के 11 पद भरने का निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल ने बागवानी विभाग में दैनिक भोगी आधार पर चालक के 4 पदों को भरने की भी स्वीकृति प्रदान की। मंत्रिमंडल ने अनुबंध आधार पर सीधी भर्ती के माध्यम से पी.जी.टी (राजनीतिक विज्ञान) का एक पद व टी.जी.टी (कम्प्यूटर विज्ञान) का एक पद सृजित करने व भरने को भी स्वीकृति प्रदान की।

कैबिनेट बैठक : पीटीए/पैरा अध्यापकों को बड़ी राहत, आंगनबाड़ी वर्कर्ज के मानदेय में वृद्धि व भरे जाएंगे सैंकड़ों पद

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी की अध्यक्षता में 6 मार्च, 2019 को प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक हुई। इसमें मंत्रिमंडल ने विभिन्न विषयों पर गहन चर्चा करने के साथ जनहितकारी निर्णय लिए। इसके लिए उन पीटीए/पैरा अध्यापकों को न्यूनतम पे-बैंड के बराबर धनराशि, ग्रेड-पे और निर्धारित 144 प्रतिशत महंगाई भत्ता देने का निर्णय लिया गया जिन्होंने 1 अक्तूबर, 2018 को अनुबंध आधार पर अपनी सेवाकाल के तीन वर्ष पूरे कर लिए हैं। बढ़ी हुई दर से धनराशि 1 अप्रैल, 2019 से देय होगी। पीटीए अध्यापकों और पीटीए नियमों, 2006 में अनुदान के तहत नियुक्त लैफट आउट अध्यापकों को भी पे-बैंड व ग्रेड-पे के बराबर धनराशि और 144 प्रतिशत निर्धारित महंगाई भत्ता देने का निर्णय लिया गया है जिन्होंने 1 अक्तूबर, 2018 को तीन वर्ष का सेवाकाल पूरा कर लिया है (वर्तमान में अनुबंध आधार पर कार्यरत और पीटीए-जीआईए दोनों को)। बढ़ी हुई दरों से यह राशि 1 अप्रैल, 2019 से देय होगी। मंत्रिमंडल ने हमीरपुर जिला के भोरंज में हि.प्र. लोक निर्माण विभाग का नया मंडल खोलने को मंजूरी प्रदान की। इस मंडल के लिए विभिन्न श्रेणियों के 12 पदों को सृजित कर भरा जाएगा। कुल्ल…

स्वयं झेली हैं समस्याएं, अब जनता को नहीं झेलने दूंगा : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि हमने स्वयं समस्याएं झेलकर सरकारी कार्यालयों में काम करवाएं हैं, एक छोटे से कार्य करवाने के लिए 6 माह तक दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ते थे, लेकिन अब जनता के साथ ऐसा नहीं होने देंगे। जनता की हर समस्या का समाधान करने के लिए हमने जनकल्याणकारी योजनाएं शुरू की हैं ऐसे में अधिकारियों को इन योजनाओं के तहत जमीनी स्तर पर कार्य करने की जरूरत है। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी प्रदेश के सभी जिलों के जिलाधीशों और पुलिस अधीक्षकों के सम्मेलन की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि हमारी सरकार की नीतियों व कार्यक्रमों के प्रभावी कार्यान्वयन में अधिकारियों विशेषकर उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों जैसे फील्ड अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। विकास का लाभ लक्षित समूहों तक समयबद्ध सुनिश्चित बनाने में भी इन अधिकारियों की विशेष जिम्मेवारी है। हमारी सरकार के 8 माह के कार्यकाल के दौरान कुछ नई मुख्य विकास योजनाओं के प्रभावी कार्यान्वयन में सफल रही है, जिसका श्रेय अधिकारियों की मेहनत को जाता है।हमारी सरकार ने अपने पहले बजट में 30 नई योजनाओं की घोषणा …

अब आपकी एक कॉल पर समस्या का समाधान करेगी हिमाचल सरकार

अक्सर आपने देखा व सुना होगा कि कोई बड़ी शख्सियत या फिर ऊंची पहुंच वाले व्यक्ति ही अपने छोटे-बड़े काम एक फोन कॉल पर करवाते हैं, लेकिन अब हिमाचल प्रदेश का आम नागरिक भी फोन कॉल करके अपनी शिकायतों एवं समस्याओं का समाधान करवा सकेंगे। जी हां मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी के नेतृत्व वाली हिमाचल सरकार ने राज्य में ऐसी सुविधा स्थापित कर दी है। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी द्वारा बजट 2019-20 में की गई घोषणा के अनुरूप ‘‘मुख्यमंत्री हिम-सेवा (हेल्पलाइन)’’ को जनता की सहुलियत के लिए शीघ्र शुरू किया जाएगा। इस सुविधा का कार्यालय (कॉल सेंटर) प्रदेश की राजधानी शिमला के टुटीकंडी में खोला गया है।
                       प्रदेश सरकार इस हेल्पलाईन का टोल फ्री नंबर जारी करेगी। ऐसे में प्रदेश की जनता उस नंबर पर कॉल करके अपनी शिकायत एवं समस्या को दर्ज करवा सकेगी। इसके उपरांत आमजन यह भी जान सकेंगे कि उनके द्वारा दर्ज की गई शिकायत पर क्या कार्रवाई हो रही है। विशेष है कि शिकायत दर्ज होते ही ‘‘मुख्यमंत्री हिम-सेवा’’ में तैनात कर्मचारियों द्वारा संबंधित अधिकारी को समाधान के लिए भेज दी जाएगी। सभी अधिकारियों को शि…

Tuesday, 15 January 2019

द एक्सीडेंटल प्राईम मनिस्टर में सिंग इज किंग

फिल्म में गांधी परिवार से भी शक्तिशाली सरदार मनमोहन सिंह
 11 जनवरी को रिलीज हुई बालीबुड की हिंदी फिल्म द एक्सीडेंटल प्राईम मनिस्टर को देखने के लिए सिनेमा घरों में ाूब भीड़ जुट रही है। इस फिल्म को पत्रकार संजय बारु की लिखी किताब द एक्सीडेंटल प्राईम मनिस्टर पर फिल्माया गया है।  इस फिल्म को देखकर वहीं लोग मनोरंजन कर सकते हैं जिनकी राजनीतिक सूझबूझ अच्छी है क्योंकि राजनीतिक सूझबूझ न रखने वाला इस फिल्म में मात्र तीन ही किरदारों को पहचान पाएगा जिसमें सरदार मनमोहन सिंह, सोनिया गांधी व राहुल गांधी इसके अलावा फिल्म में अहम रोल निभा रहे लोगों की पहचान करना बहुत ही मुश्किल है जिसके कारण समान्य दर्शक वोर ही होंगे।  फिल्म में सीधे तौर पर सरदार मनमोहन सिहं को किंग बताकर पेश किया गया है। 2004 लोकसभा के चुनावों का रिजल्ट घोषित होने के साथ ही प्रधानमंत्री की कुर्सी को मची खलवली से फिल्म की शुरुआत हुई है। इसके बाद सोनिया के घर पर  कांग्रेस के दिग्गजों की बैठक और कई नामों पर चर्चा, मिडिया के वयानों में सोनिया के प्रधानमंत्री बनने की चर्चा से लेकर मनमोहन सिंह को प्रधानमंत्री बनने तक इंट्रों में पेश किया है।  प्रधानमंत्री के शपथ समारोह से फिल्म असली मायने में शुरु होती है। इसी शपथ ग्रहण समारोह में बतौर संजय बारु भी शिरकत करते हैं। जहां उन्हें खबर के लिए अपने सोर्स से बात करते हुए पिल्माया गया है। फिल्म में पहला सीन ही वित्त मंत्री की चर्चा को लेकर शुुरु होता है। जोकि काफी रोचक है। इसके बाद एक सीन फिल्म में सरदार मनमोहन सिंह का बतौर फाईनेंस मिनिस्टर संजय बारु से बातचीत का दिखाया गया है। इसके बाद पीएमओं में अपने प्रधानमंत्री पद ग्रहण करते हुए पीएम मनमोहन सिंह के स्कूल से प्रधानमंत्री बनने के सफर की झलङ्क्षकया भी दिखाई गई हैं। कुर्सी संभालने के बाद संजय बारु को पीएम ने अपना प्रैस सचिव बनने के लिए आफर किया जहां बारु ने कहा कि अब जमाना बदल गया है मैं आपका मिडिया सलाहकार बनना पंसद करुंगा। लेकिन इसमें बारु ने दो शर्तंे रख कर ही पद ग्रहण करने की बात कही। जिसमें अहम व महत्वपूर्ण थी कि  मैं सिर्फ प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को ही रिपोर्ट कंरुगा। उसके बाद संजय बारु ने अगले चार साल तक अपना काम बखूबी निभाया और प्रधानमंत्री के चरित्र को असल से ाी ज्यादा बढिय़ा मिडिया व देश के सामने पेश किया। फिल्म में टी ब्रेक होने तक पीएम की पहली टर्म दिखाई है व इंटरवल के बाद दूसरी टर्म 2014 तक दर्शाई गई हैं। पहले भाग में प्रधानमंत्री मनमोहन का ऐतिहासिक निर्णय न्यकलीयर डील को प्रमुख रुप सें पेश किया है। इसी तरह दूसरे भाग में प्रधानमंत्री व कांग्रेस के पतन की पूरी दास्तां व घोटालों का जिक्र किया है। 

फिल्म में इन लोगों ने किए है रोल

प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का रोल अनुपम खेर, पत्रकार संजय बारु का रोल अक्षय खन्ना, कांग्रेस अध्यक्षा सोनिया गांधी सुजैन बर्नर्ट, राहुल गांधी अर्जुन माथुर,प्रियंका गांधी का किरदार आहना कुमरा ने निभाया है। इस फिल्म का निर्देशन विजय रत्नाकर गुट्टे ने किया है। इस फिल्म की अवधि एक घंटा 52 मिनट की है। 


पद ग्रहण करने के साथ ही पीएम की चाल अलग
पीएम सिंह का पद ग्रहण करते ही कांग्रेस हाईकमान का टकराव व अलग रास्ते दिखाए गए हैं जहां सिंह को पीएम पद मात्र दिखावा कहा जाता था वहीं यह फिल्म पीएम सिंह की इमेज को सुधार रही हैं वहीं गांधी परिवार की फजीहत भी कर रही है।  विरोधियों का सामना जैसे कई दृश्यों के बाद कहानी उस मोड़ तक पहुंचती है, जहां न्यूक्लियर मुद्दे पर पीएम इस्तीफा देने पर आमादा हो जाते हैं पर हाईकमान उनको इस्तीफा देने से रोक लेती है।

Thursday, 10 January 2019

हिमाचल कांग्रेस में हुआ बड़ा बदलाब



हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी को वीरवार को नया अध्यक्ष मिल गया है। कांग्रेस हाईकमान ने कुलदीप राठौर को प्रदेश कांग्रेस की कमान सौंपी है। अखिल भरतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव ने इसकी आधिकारिक घोषणा की है। पिछले काफी समय से सुखविंदर सिंह सुक्खू और वीरभद्र सिंह के बीच अन वन चल रही थी, वीरभद्र किसी भी सार्वजनिक मंच से पूर्व अध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुक्खू का विरोध करते हुए गुरेज नहीं करते थे। लेकिन पिछले सप्ताह वीरभद्र सिंह व सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सोलन में एक ही मंच पर बैठकर वार्तालाप की थी। अब कांग्रेस हाई कमान ने सुखविंदर सिंह सुक्खू  को हटाकर पेशे से वकील व वरिष्ठ कांग्रेस नेता कुलदीप राठौर  के नाम पर मोहर लगा दी है। कांग्रेस में चल रही अंतर कला भी इस नियुक्ति के बाद समाप्त हो जाएगी। साथ ही वीरभद्र खेमा भी नई ऊर्जा के साथ लोकसभा चुनावों के लिए मैदान में उतरेगा। माना यह जाता है कि वीरभद्र सिंह व कुलदीप राठौर के रिश्ते पूर्व में अच्छे नहीं रहे हैं लेकिन वर्तमान में वीरभद्र सिंह ने राठौर के नाम पर सहमति जताई थी। कुलदीप राठौर ठियोग के रहने वाले हैं। राठौर को पूर्व में विद्या स्टोक्स के सबसे करीबियों के रूप में जाना जाता था। राठौर कॉलेज में से ही एनएसयूआई के साथ जुड़कर संगठन के लिए कार्य कर रहे हैं।इतना ही नहीं राठौर कई बाहरी राज्यों में भी संगठन के लिए काम कर चुके हैं। वर्तमान में राठौर हाई कोर्ट शिमला में बकालत करने के साथ कांग्रेस प्रदेश सचिव का कार्यभार देखते है।


वीरवार को राजधानी दिल्ली में देशभर के कांग्रेस अध्यक्षों के उपाध्यक्षो की बैठक एके एंटनी की अगुवाई में आयोजित की गई। जिसमें यह अहम फैसला किया गया। बता दे कि सुखविंदर सिंह सुक्खू 2016 में अपना कार्यकाल पूरा कर चुके थे। इसी बैठक के बाद ये खबर आ रही है। इस बैठक में सुखु भी दिल्ली में मौजूद रहे।
ये भी थे अध्यक्ष की दौड़ में
राठौर के अलावा पंजाब कांग्रेस प्रभारी व विधायक डलहौजी आशा कुमारी, शिलाई के विधायक हर्षवर्धन चौहान का नाम भी चल रहा था लेकिन कांग्रेस हाई कमान ने कुलदीप राठौर के नाम पर मोहर लगाई है।
राठौर आनंद शर्मा के माने जाते है करीबी
कुलदीप राठौर छात्र राजनीति से ही संगठन में कार्य कर रहे है। राठौर छात्र राजनीति से ही आनंद शर्मा के करीबी रहे है।

कांगड़ा टी20 टीम को 31 खिलाडी चयनित

ज़िला कांगड़ा सीनियर टी20 क्रिकेट टीम के चयन को लिए गए ट्रायल का वीरवार को रिजल्ट घोषित कर दिया गया है। ट्रायल में अपने खेल का प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों में से 31 खिलाड़ियों का चयन कैम्प के लिए किया गया है। 
                                        चयनित खिलाड़ियों का कैम्प 15 जनवरी से एचपीसीए स्टेडियम धर्मशाला में आयोजित किया जाएगा। इस प्रशिक्षण कैम्प में खिलाड़ियों के खेल की बारीकी से परख करने व उनके खेल में निखार लाने की जिम्मेदारी कोच वरुण मल्होत्रा व तिलक राज को दी है। चयनित 31 खिलाड़ियों में से बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों में से अंतिम 16 का चयन किया जाएगा। जिसके बाद टीम ज़िला स्तरीय प्रतियोगिता में दूसरे जिलों की टीमों से भिड़ेगी। एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष विजय शर्मा ने बताया है कि चयनित खिलाड़ियों को 15 जनवरी को सुबह 10 बजे एचपीसीए स्टेडियम में रिपोर्ट करनी होगी।

ये खिलाड़ी हुए चयनित
1. ऋत्विज कश्यप
2. मणि शर्मा
3. अपूर्व वालिया
4. चाहत मल्होत्रा
5. शौर्य सरण
6. पंकज जसवाल
7. अर्पित गुलेरिया
8. अलश वशिष्ठ
9. आशु शर्मा
10. आयुष शर्मा
11. कर्मण्य वर्मा
12. हर्ष जम्वाल
13. सिदांत डोगरा
14. सुकृत शर्मा
15. ईशान गांधी
16. सिद्धान्त पुरोहित
17. साहिल मंगल
18. अक्ष शर्मा
19. विशाल कौंडल
20. ईशान लखनपाल
21. नितिन कुमार
22. कोलंबस मेहरा
23. अभिषेक सिंह
24. कार्तिक शर्मा
25. अंकुश कुमार
26. सांबव अरोडा
27. कनिष्क पठानिया
28. अप्पारवाल यादव
29. अर्जुन बन्याल
30. गंगन शर्मा
31. मयंक ठाकुर


Thursday, 3 January 2019

सहमति से हुए सेक्स को बलात्कार नहीं कह सकते: सुप्रीम कोर्ट

भारतीय सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि अगर लिव-इन रिलेशनशिप में पुरुष और महिला के बीच सहमति से शारीरिक सम्बन्ध बने और बाद में पुरुष शादी से मुक़र जाता है तो इसे बलात्कार नहीं कहा जा सकता है। भारतीय सर्वोच्च न्यायालय ने इस गंभीर मुद्दे पर फ़ैसला बुधवार को एक मामले की सुनवाई करते हुए दिया। महाराष्ट्र की एक नर्स ने अपने लिव-इन पार्टनर पर बलात्कार का आरोप लगाते हुए एफ़आईआर कराई थी। 
क्या है पूरा मामला
 महाराष्ट्र राज्य के एक प्राइवेट मेडिकल इंस्टीट्यूट में शिकायतकर्ता नर्स  और  आरोपी डॉक्टर काम करते थे। जहां दोनों के रिश्ते में करीब आए और एक-दूसरे से प्यार हो गया । जिसके बाद दोनों साथ रहने लगे।
पीड़िता नर्स ने आरोपी डॉक्टर के खिलाफ़ ये कहकर एफ़आईआर दर्ज़ करवाई कि उक्त आरोपी ने शादी का वादा करके शारीरिक सम्बन्ध बनाए थे लेकिन बाद में किसी और महिला से शादी कर ली। पीड़ित नर्स द्वारा दर्ज करवाई गई एफआईआर का सेशन कोर्ट में ट्रायल चला। इसके बाद आरोपी डाक्टर ने बॉम्बे हाई कोर्ट में अपने ख़िलाफ़ हुई एफ़आईआर रद्द करने के लिए याचिका दायर की। लेकिन कोर्ट ने डॉक्टर की दलीलों को खारिज़ कर दिया और एफ़आईआर बरकरार रखी, जिसके तहत आरोपी डाक्टर की कभी भी  गिरफ्तारी हो सकती थी। जिसके बाद आरोपी डॉक्टर ने 2018 के मध्य में इस मामले को सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की, जहां जस्टिस एके सीकरी और एस अब्दुल नज़ीर की खंडपीठ ने फ़ैसला आरोपी डॉक्टर के पक्ष में दिया। 

सर्वोच्च न्यायालय का फैसला
बलात्कार और सहमति से सेक्स के बीच अंतर है। लिव इन पार्टनर्स अगर किन्हीं कारणों से शादी नहीं कर पाते हैं तो महिला बलात्कार का मामला नहीं चला सकती है। वर्तमान समय में रेप के अधिकतर मामले झूठे साबित हो रहे हैं नौकरी पेशा लोगों पर झूठे रेप के आरोप लगाकर कई महिलाएं पता कर रही हैं हालांकि इस मामले पर नीचे के न्यायालय में भी फैसले सुनाए जा चुके हैं लेकिन सर्वोच्च न्यायालय के इस फैसले के बाद महिलाओं द्वारा पुरुषों को बदनाम करने के लिए लगाए जाने वाले झूठे आरोपों में भी कमी आएगी।

Sunday, 30 December 2018

नमस्ते धर्मशाला से ग्रामीण पर्यटन को लगेंगे पंख

ग्रामीण पर्यटन को विकसित करने और बेरोजगार युवाओं को स्वयं सहायता समूह के माध्य्म से रोजगार पैदा करने के लिए धर्मशाला ब्लॉक ने अनोखी पहल की है। विश्व भर से पर्यटन नगरी पहुंचने वाले पर्यटकों के लिए अब विकास खंड धर्मशाला ने एक दिन में धर्मशाला दर्शन करवाने के लिए योजना तैयार की है। धर्मशाला में ग्रामीण पर्यटन को विकसित करने वाली इस योजना को सरकार ने नमस्ते धर्मशाला का नाम दिया है। धर्मशाला दर्शन के लिए प्रति व्यक्ति 1300 रुपए भाड़ा निर्धारित किया है। जिसमें धर्मशाला के 11 पर्यटन स्थलों पर  वाहन के जरिए पहुंचाया जाएगा, जिसके बाद सभी पर्यटकों को उक्त जगहों के बारे में विस्तारपूर्वक बताया जाएगा। नमस्ते  धर्मशाला योजना के तहत पर्यटकों को सनराइज प्वाइंट इंदू्रनाग, इसके बाद पर्यटकों को खनियारा के चाय के बागानों में घुमाया जाएगा। इसी तरह शिव के प्राचीन मंदिर अघंजर महादेव, तिबेतन मठ्ठ नोरबुलिंगा, गाईतो मठ्ठ में घुमाया जाएगा। पर्यटकों को दोपहर के खाने में कांगड़ी धाम परोसी जाएगी। दोपहर के भोजन के बाद पर्यटकों को तपोवन में स्थित बेहतरीन खूबसूरत चीड़ के जगलों में घुमाया जाएगा। पर्यटकों को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम की खूबसूरती भी दिखाई जाएगी। इसके बाद धर्मशाला के चिलगाड़ी स्थित चाय के बाग पर्यटकों को दिखाए जाएंगे, कांगड़ा कला संग्रहालय और अंतिम पड़ाव सन सेट प्वाइंट सतोवरी में होगा। सतोबरी में ही पर्यटकों को सांस्कृतिक संध्या का आयोजन किया जाएगा, सांस्कृतिक कार्यक्रम में पर्यटकों को पहाड़ी कल्चर से अवगत भी करवाया जाएगा। इस एकदिवसीय ट्रिप में पर्यटकों की सभी जगह पर टिकट सरकार की ओर से रहेगी। धर्मशाला ब्लॉक की इस नई मुहिम से धर्मशाला के प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों में भीड़ भी घटेगी और साथ ही धर्मशाला के कई पर्यटन स्थलों को नई पहचान भी मिलेगी। नमस्ते धर्मशाला में सरकार ने अधिकतर उन जगहों का चुनाव किया है, जिसमें बेहतरीन पर्यटन स्थल है, लेकिन वह किसी कारण प्रसिद्ध नहीं हो सके हैं। इस योजना के तहत धर्मशाला के पर्यटन को पंख तो लगेंगे ही,साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों के बेरोजगार युवाओं को भी रोजगार मिलेगा। 
क्या कहते है बीडीओ अभिनीत कात्ययान
खंड विकास अधिकारी, धर्मशाला अभिनीत कात्ययान ने बताया कि धर्मशाला ब्लॉक ने एक पहल की है, जिसको नमस्ते धर्मशाला का नाम दिया गया है। इसमें धर्मशाला के अनछुए पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों के लिए एक पैकेज तैयार किया है। इसमें 1300 रुपए भाड़ा निर्धारित किया है, जिसमें पर्यटकों को गाड़ी, दोपहर का खाना और सांस्कृतिक संध्या दिखाई जाएगी।

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